प्यार एक एहसाह है
जो सोते रोते जगते हसते उसकी याद दिलाता है
प्यार एक नज्म है
जो हर कविता पे उसकी छाप छोड़ देता है
प्यार एक खुसबू है
जो उसके बदन तक सिमित नहीं है
उसके लिए किये हर प्रयास में हमारी भी खुसबू है
प्यार बिश्वास,फ़िक्र ,ममता ,तारीफों की पुलिया है
जो हम केवल एक पे निछावर नहीं कर सकते
बाटना पड़ता है लोगो में
प्यार है तो आप भी आदियोगी है
प्यार सीखना भी योग है
प्यार करना भी योग है
और शिवा प्यार की मूरत है |
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बुधवार, 14 फ़रवरी 2018
रविवार, 11 फ़रवरी 2018
साजन तुम बोल देना
साजन अब तुम बोल देना
तुम कहते हो साथ बहुत है
पर घडिया अब भी रुकी नहीं
करुणा वाला सन्देश तुम दे जाना
मैं दूर तलक यु आउंगी
मेरा उन्वान भी तुम और अंत भी तुम
बस होठो पे सजा लेना
प्रेम तो तुमको है हमसे ?
पर मेरा प्रेम जगजाहिर है
कह दो सबसे तुम मेरे हो
मेरे हक़ में अब तुम भी बोल देना
साजन अब तुम बोल देना
पर घडिया अब भी रुकी नहीं
करुणा वाला सन्देश तुम दे जाना
मैं दूर तलक यु आउंगी
मेरा उन्वान भी तुम और अंत भी तुम
बस होठो पे सजा लेना
प्रेम तो तुमको है हमसे ?
पर मेरा प्रेम जगजाहिर है
कह दो सबसे तुम मेरे हो
मेरे हक़ में अब तुम भी बोल देना
साजन अब तुम बोल देना
तुम्हारी सादगी पे मैं फ़िदा
इसको तुम अब छेड़ो ना
दिलो में हमारे फर्क नहीं
तो रुस्वाई से भी कोई डर नहीं
रफ़्तार में भी गर तुम साथ रहो
तो मृत्यु से भी भय नहीं
जब रुकना आभुषण लाना
तब मैं श्रृंगार करू
अभी तो मुझे तुम साथ रखो
बस किरणों से काम चला लुंगी
रुकना तो तुम अनुराग सा राग देना
मुझे जन-रुस्वाई से बचा देना
बस अपने नाम से मेरा नाम जोड़ देना
साजन तुम बोल देना |
इसको तुम अब छेड़ो ना
दिलो में हमारे फर्क नहीं
तो रुस्वाई से भी कोई डर नहीं
रफ़्तार में भी गर तुम साथ रहो
तो मृत्यु से भी भय नहीं
जब रुकना आभुषण लाना
तब मैं श्रृंगार करू
अभी तो मुझे तुम साथ रखो
बस किरणों से काम चला लुंगी
रुकना तो तुम अनुराग सा राग देना
मुझे जन-रुस्वाई से बचा देना
बस अपने नाम से मेरा नाम जोड़ देना
साजन तुम बोल देना |
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